बिहार में 10 हजार 651 करोड़ की सड़क व पुल परियोजनाओं का शिलान्यास मंगलवार को होगा. इसके साथ ही इन पर काम शुरू हो जाएगा. इसके अलावा 2934 करोड़ की सड़क परियोजनाओं का लोकार्पण भी होगा. इसी के अंतर्गत महात्मा गांधी सेतु की पूर्वी लेन का भी उद्घाटन होगा. उत्तर व दक्षिण बिहार को जोड़ने वाले गांधी सेतु की पूर्वी लेन (डाउनस्ट्रीम) का उद्घाटन मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, केंद्रीय सड़क एवं राजमार्ग परिवहन मंत्री नितिन गडकरी करेंगे. कभी एशिया के सबसे बड़े ब्रिज का तमगा हासिल इस सेतु के बन जाने से उत्तर बिहार को बड़ी राहत मिलेगी.

बता दें कि15 जून 2017 से पूर्वी लेन के निर्माण का कार्य शुरू हुआ था. तब इसकी अनुमानित लागत 1382.40 करोड़ थी. लेकिन, बाद में यह बढ़कर लगभग 2100 करोड़ हो गया है. इसके निर्माण में 66360 मिट्रिक टन स्टील, 25 लाख नट वोल्ट के अलावा 460 एलईडी लाइट भी लगाया गयी है. सेतु पर दो मीटर का फुटपाथ बनाया गया है; जिसपर साइकिल और पैदल लोग आवाजाही कर सकते हैं.  इसके अलावा पहली बार इस सेतु में यूटिलिटी कॉरिडोर भी बनाया गया है. सेतु के पूर्वी लेन की लंबाई 5 किलोमीटर 575 मीटर है.

वर्षो से प्रतीक्षारत महात्मा गांधी सेतु के पूर्वी लेन के लोकार्पण की सारी तैयारी पूरी हो चुकी है. इसका जायजा लेने के लिए अपर मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत सोमवार को हाजीपुर के तेरसिया पहुंचे थे. उन्होंने उद्घाटन समारोह के लिए बन रहें पंडाल में बैठने की व्यवस्था,आने-जाने की सुविधा गाड़ियों की पार्किंग की सुविधा के अलावा कार्यक्रम के दौरान गांधी सेतु और इससे जुड़े सड़कों पर जाम न लगे इसकी व्यवस्था का जायजा लिया.

इस दौरान वैशाली के डीएम यशपाल मीणा एसपी मनीष समेत आरसीडी एनएचएआई समेत अन्य विभागों के पदाधिकारी मौजूद थे. अपर मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत ने बताया कि गांधी सेतु के पूर्वी लंका उद्घाटन हो जाने से बिहारवासियों को जाम की समस्या से काफी राहत मिलेगी. इस पूर्वी लेन के उद्घाटन के लिए खुद केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के अलावा कई केंद्रीय मंत्री बिहार सरकार के मंत्री सांसद और विधायक मौजूद रहेंगे.