पटना: बिहार में कोरोना संक्रमण (Corona Infection In Bihar) की तीसरी लहर के कम होने के साथ ही मुख्यमंत्री नीतीश कुमार फिर से जनता दरबार के माध्यम से फरियादियों की समस्या सुनने लगे हैं। सोमवार को जनता दरबार में सीएम (Janata Darbar of CM Nitish) ने बड़ी संख्या में फरियादियों की समस्याओं को सुना और उसका तुरंत निपटारा करने का निर्देश दिया। इसी कड़ी में एक छात्र बेरोजगारी की समस्या लेकर सीएम के सामने पहुंचा।

फरियादी ने मुख्यमंत्री ने अपनी समस्या सुनाते हुए कहा कि उनकी समस्या बेरोजगारी है। उसने स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड लेकर इंजीनियरिंग की पढ़ाई की, लेकिन उसे कहीं भी नौकरी नहीं मिली। वहीं अब स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड का इंट्रेस्ट भी चलने लगा है। वह बहुत गरीब है। सीएम ने छात्र की समस्या का निपटारा करने के लिए उसे शिक्षा विभाग के पास भेज दिया।

बता दें कि जनता दरबार में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार आज शिक्षा, स्वास्थ्य, समाज कल्याण, पिछड़ा एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण, अनुसूचित जाति-जनजाति कल्याण, साइंस एंड टेक्नोलॉजी, आईटी, कला-संस्कृति एवं युवा विभाग, वित्त विभाग, श्रम संसाधन विभाग और सामान्य प्रशासन विभाग से संबंधित शिकायतें सुन रहे हैं। मुख्यमंत्री सचिवालय संवाद स्थित परिसर में बनाए गए नए हॉल में ये जनता दरबार लगा है।

इस दौरान संबंधित विभाग के सभी मंत्री भी जनता दरबार में मौजूद हैं। साथ ही सभी आला अधिकारी भी इस दौरान उपस्थित हैं। कोरोना संक्रमण घटने के बावजूद जनता दरबार में कोरोना गाइडलाइन (Corona Guidelines in Janata Darbar) का सख्ती से पालन किया जा रहा है। साथ ही जांच में नेगेटिव आने वाले लोगों को ही जनता दरबार में आने की अनुमति है।

यही वजह है कि अभी भी सीमित संख्या में ही जनता दरबार में लोगों को आमंत्रित किया गया है। जनता दरबार में केवल उन्हीं लोगों को जिला प्रशासन के माध्यम से लाया गया है, जिन्होंने ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन पहले करा लिया था।