देश की सबसे पुरानी पार्टी कांग्रेस में बड़ा बदलाव हुआ है। कांग्रेस पार्टी का बॉस बदल गया है। हाल ही में हुए राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव में मल्लिकार्जुन खड़गे की जीत के बाद उनकी ताजपोशी हो गई है। देश के सबसे पुराने राजनीतिक दल कांग्रेस को नया अध्यक्ष मिल गया है और उन्होंने अध्यक्ष का पद भी संभाल लिया है। पद संभालते ही कुछ घंटों के बाद कांग्रेस कार्यसमिति (सीडब्ल्यूसी) भंग कर दी गई है।

सीडब्ल्यूसी के सभी सदस्यों के साथ ही कांग्रेस पार्टी के सभी महासचिव और प्रभारियों ने पार्टी के नए अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे को अपना इस्तीफा पत्र सौंप दिया है। कांग्रेस नेता केसी वेणुगोपाल ने ट्वीट कर यह जानकारी दी है और कहा है कि सीडब्ल्यूसी के सदस्यों का चयन जल्द ही कर लिया जाएगा। इससे यह भी रास्ता साफ हो गया है कि अब मल्लिकार्जुन खड़गे नई टीम के साथ कांग्रेस का नेतृत्व करेंगे।

कांग्रेस कार्य समिति के सभी सदस्यों के इस्तीफे के बाद अब मल्लिकार्जुन खड़गे के अपनी नई टीम गठित करने का रास्ता साफ हो गया है। सूत्रों के द्वारा यह कहा जा रहा है कि सीडब्ल्यूसी में 12 सदस्यों का निर्वाचन होना है। गौरतलब यह है कि मल्लिकार्जुन खड़गे ने अध्यक्ष चुनाव के दौरान अपने प्रचार में कांग्रेस डेलीगेट्स से अपनी नई टीम बनाने को लेकर भी कई वादे किए थे।

मल्लिकार्जुन खड़गे ने कांग्रेस अध्यक्ष के चुनाव के दौरान यह वादा किया था कि अगर वह निर्वाचित होते हैं तो 50 वर्ष से कम उम्र के नेताओं को पार्टी में आधे से ज्यादा पद देंगे। मल्लिकार्जुन खड़गे ने यह भी कहा था की एक व्यक्ति को एक ही पद दिया जाएगा। उन्होंने यह भी ऐलान किया था कि कांग्रेस अध्यक्ष बनते हैं उदयपुर डिक्लेरेशन को लागू किया जाएगा तो स्टॉप अब यह देखने की बात होगी कि मल्लिकार्जुन खड़गे कितनी बातों को पूरा कर पाते हैं और नई टीम में किन्हें शामिल करते हैं।

सोनिया- राहुल की मौजूदगी में खड़गे ने संभाली कमान

कांग्रेस के नए अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने सोनिया गांधी और राहुल गांधी की मौजूदगी में कांग्रेस पार्टी की कमान संभाली। मल्लिकार्जुन खड़गे को सोनिया गांधी ने कांग्रेस अध्यक्ष बनने पर बधाई दी और साथ में यह भी कहा कि उनके अध्यक्ष बनने से वह बहुत खुश हैं और बहुत हल्का महसूस कर रही हैं। सोनिया गांधी ने अपने सहयोग और समर्थन के लिए कार्यकर्ताओं का धन्यवाद किया और यह उम्मीद भी जताई कि मल्लिकार्जुन खड़गे कांग्रेस पार्टी को एक नई दिशा देंगे।