पटनाः मुख्यमंत्री नीतीश कुमार (CM Nitish Kumar) ने साफ कर दिया है कि बिहार में लाउडस्पीकर पर कोई पाबंदी नहीं होगी। इस बीच बिहार में बीजेपी ने अपना अलग रुख अख्तियार किया है। नीतीश कुमार की इस बात से बीजेपी सहमत नहीं है। ये बयान ऐसे समय में आया है जब यूपी में लगातार लाउडस्पीकर उतारे जा रहे हैं और देश के दूसरे हिस्सों में लाउडस्पीकर को लेकर सियासत गर्म है। बिहार में सरकार चला रहे जेडीयू और बीजेपी के सुर अलग-अलग हैं।

बिहार सरकार में बीजेपी के मंत्री जनक राम ने कहा कि सबसे बड़ा राज्य उत्तर प्रदेश है। वहां अगर कानून संगत काम हो रहा है तो उसका असर बिहार में भी जरूर देखने को मिलेगा। बिहार में भी लाउडस्पीकर हटेगा. इधर, जेडीयू नेता और मंत्री अशोक चौधरी ने कहा कि बिहार में लाउडस्पीकर का कोई इश्यू नहीं है। उनका (बीजेपी) अपना व्यक्तिगत राय हो सकता है।

प्रेम रंजन पटेल के बयान पर गिरिराज की सहमति

बिहार सरकार के इन दोनों मंत्रियों की राय अलग-अलग है। इस बीच केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह का कहना है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने देश में सामाजिक समरसता का माहौल खड़ा किया है। मंदिर हो या मस्जिद दोनों के लिए यह होना चाहिए। प्रेम रंजन पटेल ने ठीक ही कहा है कि इसे पूरे देश में लागू करना चाहिए।

नीतीश कुमार और तेजस्वी के सुर एक

इधर, जो बातें मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहीं वही नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने भी कहीं। तेजस्वी यादव ने कहा कि बेरोजगारी से नौजवानों का भविष्य बर्बाद हो रहा है और आप बात लाउडस्पीकर से नींद की बात कर रहे हैं। उन्हें क्या नींद आएगा जो बेरोजगार हैं। अगर सरकार में इस तरह का कोई प्रस्ताव आता है तो हमलोग अपना पक्ष भी रखेंगे।