बिहार और अरुणाचल प्रदेश में जेडीयू को पहले से ही राज्य स्तरीय दल का दर्जा हासिल है. अब मणिपुर में भी जेडीयू को राज्य की पार्टी का दर्जा मिल गया है. भारतीय निर्वाचन आयोग ने पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ललन सिंह (JDU Lalan Singh) को पत्र लिखकर इसकी जानकारी दी है. 2022 में हुए मणिपुर विधानसभा चुनाव में छह सीट जीतकर जेडीयू ने बेहतरीन प्रदर्शन किया था. 10.70 % वोट जदयू को मिला था.

भारतीय चुनाव आयोग की तरफ से ललन सिंह को लिखे गए पत्र में कहा गया है कि बिहार और अरुणाचल प्रदेश में जेडीयू को राज्य स्तरीय दल का दर्जा पहले से ही हासिल है. चुनाव चिह्न ‘तीर’ है. इलेक्शन सिंबल्स (रिजर्वेशन एंड एलॉटमेंट) आदेश 1968 के प्रावधानों के आलोक में जेडीयू को चुनाव आयोग ने यह दर्जा दिया है. बिहार, अरुणाचल प्रदेश, मणिपुर अब तीन राज्यों में मान्यता प्राप्त पार्टी जेडीयू हो गई है.

अरुणाचल प्रदेश में जेडीयू को मिली थी सात सीट

2019 में हुए अरुणाचल प्रदेश विधानसभा चुनाव में जेडीयू ने सात सीटों पर कब्जा जमाया था. जेडीयू को 9.88 % वोट मिला था, लेकिन बाद में पार्टी में टूट भी हुई. सात में से छह विधायक बीजेपी में शामिल हो गए थे. 2020 के बिहार विधानसभा चुनाव में पार्टी को 16 % वोट मिला था. 43 सीट पार्टी जीती थी.

नागालैंड विधानसभा चुनाव की तैयारी में जेडीयू मजबूती से लगी हुई है. राष्ट्रीय अध्यक्ष ललन सिंह कह चुके हैं कि नागालैंड में जेडीयू किसी से भी गठबंधन नहीं करेगा. बता दें कि 2018 के नागालैंड विधानसभा चुनाव में जेडीयू एक सीट जीती थी. पार्टी को 5.6% वोट मिला था. जेडीयू यहां अच्छा प्रदर्शन करेगी तो वह चार राज्यों में मान्यता प्राप्त पार्टी हो जाएगी. चार राज्यों में मान्यता प्राप्त पार्टी को राष्ट्रीय पार्टी का दर्जा प्रदान किया जाता है.

क्षेत्रीय दलों को राष्ट्रीय पार्टी बनने का क्या है आधार?

  • दल को तीन राज्यों में लोकसभा की कुल 2% सीट हासिल हो.
  • चार अलग अलग राज्यों में लोकसभा या विधानसभा चुनाव में 6% वोट मिला हो.
  • लोकसभा में कम से कम चार सीटें जीती हो.
  • ऐसे क्षेत्रीय दल जिसे चार या उससे अधिक राज्यों में मान्यता मिली हो.

बता दें भारत में अभी सात राष्ट्रीय पार्टियां हैं. बीजेपी, कांग्रेस, तृणमूल कांग्रेस, एनसीपी, बीएसपी, भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी, भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) को राष्ट्रीय पार्टी का दर्जा हासिल है. बिहार में आरजेडी ऐसी क्षेत्रीय पार्टी है जिसको एक बार राष्ट्रीय पार्टी का दर्जा हासिल हुआ था, लेकिन अपने इस जनाधार को बरकरार नहीं रख पाई. इलेक्शन कमिशन के अनुसार भारत में 2293 राजनैतिक दल हैं. सभी पार्टियां चुनाव आयोग में पंजीकृत हैं जिसमें सात मान्यता प्राप्त राष्ट्रीय दल है और देश में राज्य स्तरीय क्षेत्रीय दलों की संख्या 59 है.