बॉलीवुड अभिनेता गुरमीत चौधरी हाल के दिनों में बिहार अपने गांव आए। गुरमीत ने कहा कि बिहार अब तेजी से विकास कर रहा है यहां की प्रगति दिखती है। उन्होंने आगे कहा कि मेरी पत्नी देबिना बंगाल से है और जब उन्होंने यहां की सड़कें देखी तो उन्हें बहुत अच्छा लगा। मैं भी बिहारी हूं, जब कोई यहां की सड़कों और अन्य चीजों पर अच्छा बोलता है तो मुझे गर्व महसूस होता है। मैं जब भी यहां आता जाता हूं, तो जो मुझे जो प्यार मिलता है उससे अपनापन महसूस होता है।

जब उनसे पिछले दिनों बिहार के प्रवासी मजदूरों के साथ कश्मीर में जो घटना हुई थी उसके बारे में पूछा गया, तो उन्होंने इस घटना को लेकर कड़ी निंदा की। उन्होंने मीडिया से बात करते हुए कहा कि बिहार के लोग रोजी रोटी के लिए जिस भी राज्य में जाते हैं वह वहां सिर्फ रोजी रोटी नहीं कमाते बल्कि उस राज्य की उन्नति और प्रगति में पूरा सहयोग करते हैं। कश्मीर ही नहीं देश के दूसरे राज्यों में भी बड़ी संख्या में बिहार के लोग रह रहे हैं। उन्होंने कहा कि दूसरे राज्यों में रह रहे बिहारियों के साथ अच्छा व्यवहार होना चाहिए, किसी की जान लेना इंसानियत नहीं होती।

पटना आने के बाद गुरमीत अपने गांव गए , जहां उन्होंने अपने कुल देवता की पूजा की। उनकी पत्नी देविका ने खोइन्छा भरा। गुरमीत ने कहा की शादी के बाद मेरी पत्नी खोइन्छा नहीं भर सकी थी। इसलिए गांव आकर खोइन्छा भराई का रस्म करना ही था। बता दे कि गांव में अभिनेता का पूरे गांव वालों ने अभिनंदन किया, जिसमें गांव के बड़े बुजुर्ग और गणमान्य लोग उपस्थित रहे।