पटना. बिहार में सत्ता परिवर्तन के बाद बनी महागठबंधन सरकार (Mahagathbandhan Government) का मंत्रिमंडल विस्तार (Cabinet Expansion) मंगलवार 16 अगस्त की शाम साढ़े चार बजे होगा. महागठबंधन सरकार को समर्थन दे रही कांग्रेस के कोटे से दो लोगों को मंत्री बनाया जाएगा. मंत्री पद के लिए राजेश राम और शकील अहमद खां का नाम सबसे आगे चल रहा है. इन दोनों नेताओं को कार्यकर्ताओं की तरफ से बधाई मिल रही है. सोमवार की शाम तक इन नामों पर मुहर लगने की संभावना है.

कांग्रेस को कैबिनेट में तीन सीटें देने का भरोसा सीएम नीतीश कुमार (Nitish Kumar) और डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव ने दिलाया है, लेकिन कांग्रेस के नेता इससे संतुष्ट नहीं हैं. उनकी कम से कम चार मंत्री पद की चाहत है. कांग्रेस में मंत्री पद की संख्या को लेकर सोमवार को स्वतंत्रता दिवस के दिन कांग्रेस मुख्यालय सदाकत आश्रम में कार्यकर्ताओं और बिहार कांग्रेस प्रभारी भक्त चरण दास के बीच नोकझोंक हो गई. इस दौरान कांग्रेस के कुछ नेता और कार्यकर्ता अपनी मर्यादा भूल गए और भक्त चरण दास के साथ गाली-गलौज तक कर दी.

दूसरी ओर, मुख्‍यमंत्री नीतीश कुमार और उपमुख्‍यमंत्री तेजस्‍वी यादव सोमवार की शाम राजभवन जाकर राज्‍यपाल फागू चौहान से मुलाकात कर सकते हैं. सूत्रों का कहना है कि विधानसभा अध्‍यक्ष का पद राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) के खाते में जा सकता है. आरजेडी के नेता अवध बिहारी चौधरी बिहार विधानसभा के नए स्‍पीकर हो सकते हैं. इसके अलावा, यह भी बताया जा रहा है कि महागठबंधन सरकार के मंत्रिमंडल विस्तार में आरजेडी के विधायक तेजप्रताप यादव, आलोक मेहता, सुनील सिंह, सुधाकर सिंह, कुमार सर्वजीत, सौरभ, ललित यादव, भाई वीरेंद्र, रामानंद यादव, अनिता देवी, समीर महासेठ, अख्तरुल इस्लाम शाहीन, कार्तिकेय कुमार और राहुल तिवारी को जगह मिल सकती है.

NDA ने नाता तोड़ नीतीश कुमार ने बनाई महागठबंधन सरकार

बता दें कि नीतीश कुमार की पार्टी जेडीयू ने पिछले हफ्ते मंगलवार को एनडीए से नाता तोड़ लिया था और इसके अगले दिन महागठबंधन की सरकार बना ली थी. महागठबंधन सरकार को सात पार्टियों का समर्थन हासिल है जिनमें आरजेडी, जेडीयू, कांग्रेस, भाकपा (माले), भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा), मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) और हिंदुस्तान अवाम मोर्चा (हम) शामिल हैं. 243 सदस्यों वाले बिहार विधानसभा में महागठबंधन के 164 सदस्य हैं.