ऑपेरशन गंगा के तहत यूक्रेन में फंसे भारतीयों को दूसरे देशों के जरिए लाने का काम जारी है। ये काम रोमानिया, हंगरी, पोलैंड और स्लोवाकिया के जरिए किया जा रहा है। आज इन देशों को 18 उड़ानें भेजी जा रही हैं। इससे 3500 भारतीयों को लाया जाएगा। इनमें से आज सुबह रोमानिया से 200 छात्रों का दल मुंबई पहुंच भी गया है। रेल राज्य मंत्री आरएस पाटिल ने उनका स्वागत किया। शनिवार को 3900 भारतीय लौटेंगे। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अरिंदम बागची ने बताया कि भारतीयों को लाने के लिए वायुसेना ने अपने तीन सी-17 ग्लोबमास्टर विमान लगाए हैं। इनके अलावा एयर इंडिया, इंडिगो, स्पाइसजेट, गो एयर और गो फर्स्ट के विमान भी चार्टर किए गए हैं।

विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता के मुताबिक बीते 24 घंटे  ऑपरेशन गंगा के जरिए 15 उड़ानों में 3000 भारतीय वतन लाए गए हैं। इस बीच, खबर है कि पीएम नरेंद्र मोदी ने सभी भारतीयों की वापसी के लिए 10 मार्च की तारीख तय कर दी है। कुल 80 फ्लाइट्स होंगी और सारी व्यवस्था दुरुस्त रखने की जिम्मेदारी 24 मंत्रियों को सौंपी गई है। सबसे ज्यादा 35 उड़ानें रोमानिया से आएंगी। वहीं, हंगरी से 28 उड़ानें तय हैं। पोलैंड और स्लोवाकिया से बाकी उड़ानों को संचालित किया जाएगा। मोदी ने पहले ही अपने चार मंत्रियों ज्योतिरादित्य सिंधिया, हरदीप पुरी, वीके सिंह और किरेन रिजिजू को चार देशों में भेजा है और वे वहां भारतीय छात्रों को राहत के काम पर नजर बनाए हुए हैं।

खबर ये भी है कि यूक्रेन के खारकीव और सूमी शहरों में फंसे भारतीयों और पड़ोसी देशों के नागरिकों को निकालने के लिए रूस ने भी तैयारी की है। रूस के राष्ट्रीय रक्षा नियंत्रण केंद्र के चीफ कर्नल-जनरल मिखाइल मिजिनेत्सव ने बताया है कि 130 बसें तैयार हैं। इनके जरिए भारतीयों और अन्य लोगों को दोनों शहरों से निकालकर रूस लाया जाएगा और वहां से उन्हें अपने-अपने देश भेजे जाने की तैयारी को अमली जामा पहनाया जा रहा है।