मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में बिहार कैबिनेट की बैठक में 13 एजेंडों पर मुहर लगी है. जिसमें MBBS इंटर्न के लिए प्रोत्साहन राशि को मिली मंजूरी मिली है, वहीं सालों से गायब रहने पर 4 डॉक्टरों को बर्खास्त किया गया है. जबकि बिहार में दिव्यांगजनों के लिए ट्राई साइकिल योजना के तहत 10 हजार छात्रों के लिए 42 हजार करोड़ फंड मंजूर किया गया है. वहीं रबी और गेहूं खरीदारी के लिए 10 हजार करोड़ राशि और कृषि रोड मैप के लिए 94.05 करोड़ राशि को मंजूरी मिली है.

बिहार कैबिनेट के फैसले

दस हजार 10,000 दिव्यांगों को बैटरी चालित ट्राई साइकिल उपलब्ध कराने की स्वीकृति दी गई है. इसके लिए ₹42 करोड़ की स्वीकृति दी गई है. कोरोना की वजह से पीजी छात्रों एवं एमबीबीएस इंटर्न को 1 माह के मानदेय/ छात्रवृत्ति के समतुल्य प्रोत्साहन राशि की स्वीकृति दी गई है.सीतामढ़ी भवन प्रमंडल के तत्कालीन कार्यपालक अभियंता हरि गोपाल सिंह को बिहार कैबिनेट में अनिवार्य रिटायरमेंट को मंजूरी

गया के डुंगेश्वरी पर्वत पर रोपवे निर्माण को लेकर 16 करोड़ 76 लाख रुपए की पुनरीक्षित योजना की स्वीकृति एवं बिहार राज्य पर्यटन विकास निगम को कार्यकारी एजेंसी नियुक्त किया गया. ब्रह्मयोणि पर्वत पर रोपवे निर्माण को लेकर 8 करोड़ 67 लाख 60 हजार रुपये की पुनरीक्षित योजना प्रशासनिक स्वीकृति दी गई है. साथ ही बिहार राज्य पर्यटन विकास निगम को कार्यकारी एजेंसी नियुक्त किया गया. ड्यूटी से गायब रहने वाले 4 डॉक्टरों को सेवा से बर्खास्त किया गया है.

जिसमें किशनगंज सदर अस्पताल के डॉक्टर जुनैद अख्तर, किशनगंज के कोचाधामन प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के डॉ आशुतोष कुमार, पूर्णिया सदर अस्पताल के डॉक्टर उमेश कुमार और पूर्णिया के अमौर रेफरल अस्पताल के डॉक्टर अनिमेष कुमार शामिल हैं. पथ निर्माण विभाग के अभियंता प्रमुख हनुमान प्रसाद चौधरी की सेवानिवृत्ति के बाद 1 वर्ष के लिए संविदा आधारित नियोजन किया गया है.

कृषि रोड मैप के तहत कृषि यंत्रीकरण योजना के कार्यान्वयन एवं 94 करोड 5 लाख 54 हजार की निकासी एवं व्यय की स्वीकृति दी गई है. एसएफसी को व्यवसायिक बैंकों, नाबार्ड से त्रैमासिक ब्याज दर पर 10,000 करोड़ रुपए की राशि के लिए राजकीय गारंटी प्रदान करने की स्वीकृति दी गई है.