बिहार में मौसम (Bihar Weather Today) के तेवर बदल चुके हैं. बढ़ता तापमान मार्च के महीने में ही लोगों को सताने लगा है. यहां दिन का पारा 33 से 35 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है. हालांकि रात में अभी तापमान ठीक है. आने वाले पांच दिनों की बात करें तो प्रदेश का मौसम शुष्क और आसमान साफ बना रहेगा. लेकिन प्रदेश का पारा 36 डिग्री सेल्सियस तक भी जाने का पूर्वानुमान है. मौसम विभाग (Meteorological Center Patna) के मुताबिक, पछुआ हवा के साथ ही सूर्य भी अपने तेवर में है. अब इसी तरह धीरे-धीरे तापमान में आगे भी बढ़ोतरी होगी.

मौसम विभाग के अनुसार, पिछले 24 घंटों के दौरान प्रदेश का मौसम शुष्क बना रहा और आसमान साफ रहा. सबसे कम न्यूनतम तापमान 15 डिग्री सेल्सियस जीरादेई में दर्ज किया गया और औसत न्यूनतम तापमान 17 से 19 डिग्री के बीच रहा. यह सामान्य से दो से 3 डिग्री सेल्सियस अधिक है. वहीं सर्वाधिक अधिकतम तापमान 35.9 डिग्री सेल्सियस बांका में दर्ज किया गया. वहीं प्रदेश का औसत अधिकतम तापमान 33 से 35 डिग्री सेल्सियस के बीच रहा. यह सामान्य से एक से 2 डिग्री सेल्सियस से अधिक बना रहा.

मौसम विज्ञान केंद्र पटना के वैज्ञानिकों ने जानकारी दी है कि प्राप्त संख्यात्मक मॉडल एवं मौसमी विश्लेषण के आधार पर ज्ञात होता है कि अभी भी प्रदेश भर में सतह से 1.5 किलोमीटर ऊपर पछुआ हवा और उत्तर पछुआ हवा का प्रवाह बना हुआ है. यदि एक चक्रवाती परिसंचरण का क्षेत्र समुंद्र तल से 3.1 किलोमीटर एवं 5.1 किलोमीटर के बीच दक्षिण पूर्व उत्तर प्रदेश एवं समीपवर्ती बिहार में स्थित है, जिसका कोई अधिक प्रभाव प्रदेश में देखने को नहीं मिलेगा. अगले 5 दिनों तक प्रदेश का मौसम शुष्क और आसमान साफ बना रहेगा.

मौसम विज्ञान केंद्र पटना के अनुसार, बुधवार तक प्रदेश के दिन और रात के तापमान में कोई विशेष बदलाव नहीं होगा. इसके बाद गुरुवार यानी 17 मार्च से दिन और रात के तापमान में दो से चार डिग्री सेल्सियस तक की बढ़ोतरी देखने को मिलेगी. जिसका प्रमुख कारण राजस्थान में समुद्र तल से 5 किलोमीटर ऊपर तक प्रति चक्रवात का क्षेत्र स्थापित हो रहा है. तापमान बढ़ने से लोगों को गर्मी का एहसास (Heat Knock-in Bihar) बढ़ेगा. ऐसे में लोग धूप में निकलने से पहले भरपूर पानी पीकर निकले.

आने वाले दिनों में सूरज की तपिश बढ़ने से लोगों को थोड़ी परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है. ऐसे में मौसम विभाग ने चेतावनी जारी की है कि इस मौसम में स्‍वास्‍थ्‍य पर विशेष ध्‍यान रखने की जरूरत है, क्‍योंकि सुबह-शाम की ठंड परेशान कर सकती है. भारत मौसम विज्ञान विभाग के मुताबिक, मार्च महीने में अधिकतम और न्यूनतम तापमान सामान्य से अधिक रहने की संभावना है. देशभर में मार्च महिने में औसत वर्षा सामान्य रहने की संभावना है और उत्तर-पश्चिम एवं मध्य भाग के अधिकांश क्षेत्रों और पूर्वी भारत के कुछ क्षेत्रों में वर्षा सामान्य से कम रहने की संभावना है.