विधान परिषद में शिक्षा विभाग के बजट पर चर्चा के बाद शिक्षा मंत्री विजय कुमार चौधरी ने कहा कि विधान परिषद चुनाव की आचार संहिता समाप्त होते ही 1 सप्ताह में सहायक शिक्षकों की नियुक्ति शुरू हो जाएगी. विजय चौधरी ने कहा राज्य की सभी 8386 पंचायतों में खोले गये प्लस टू स्कूलों में दो वर्ष के अंदर पर्याप्त कक्षाओं की व्यवस्था की जाएगी. इसके लिये 8 हजार करोड़ रुपये खर्च होंगे.

न्यायालय का हस्तक्षेप नहीं होता तो…:- मंत्री विजय चौधरी ने कहा कि पिछले एक महीने में 41 हजार शिक्षकों की नियुक्ति पूरी कर ली गई है. यदि न्यायालय का हस्तक्षेप नहीं होता तो अबतक 32 हजार माध्यमिक और उच्च माध्यमिक स्कूलों में शिक्षकों की नियुक्ति भी हो जाती. न्यायालय से अनुरोध किया गया है कि छठे चरण की नियुक्ति प्रक्रिया पूरी होने दें. सातवें चरण में उन छूटे हुए अभ्यर्थियों को भी शामिल किया जाएगा जिन्होंने पहले आवेदन नहीं किया था.

आदर्श आचार संहिता खत्म होने का इंतजार :- शिक्षा मंत्री ने टीईटी-एसटीईटी अभ्यर्थियों को धैर्य रखने की सलाह देते हुए कहा कि विधान परिषद चुनाव की आदर्श आचार संहिता खत्म होने के हफ्ते भर में शारीरिक शिक्षकों की नियुक्ति प्रक्रिया शुरू कर दी जायेगी. शारीरिक शिक्षा सह स्वास्थ्य अनुदेशक के 8386 पद हैं, जबकि योग्य अभ्यर्थियों की संख्या पौने 4 हजार से ज्यादा नहीं है. उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालयों और महाविद्यायलों में 4629 शिक्षकों की नियुक्ति होगी. वहीं अगले चरण में 50000 शिक्षकों की भी नियुक्ति प्रक्रिया शुरू होगी.

31 मार्च तक मिलेंगे बढ़े वेतन : बिहार विधानमंडल का बजट सत्र (Bihar Budget Session 2022) चल रहा है. विधान परिषद के कार्यवाही के दौरान CPI के संजय कुमार सिंह और जदयू के संजीव कुमार सिंह के अल्पसूचित प्रश्न का शिक्षा मंत्री विजय चौधरी ने जवाब देते हुए बताया कि जिन शिक्षकों का डाटा अपलोड के बाद डिजिटल सिग्नेचर पर्ची जारी हो चुका है, उन सभी शिक्षकों को 31 मार्च तक 15 प्रतिशत बढ़े हुए वेतन की दर से भुगतान किया जाएगा. अब तक 3,52,783 शिक्षकों में 3, 24, 975 का डाटा अपलोड हुआ है. उन्होंने बताया कि 2 लाख 8 हजार 663 शिक्षकों का डिजिटल सिग्नेचर के बाद ऑनलाइन वेतन पर्ची जारी किया जा चुका है साथ ही वेतन भुगतान की कार्रवाई की जा रही है.